🌞 05 फरवरी भीष्माष्टमी और बुधवारी अष्टमी 2025 का दिन किसी भी मनोकामना पूर्ति के लिए अत्यंत शुभ है। इस पावन अवसर पर पितामह भीष्म जी को अर्घ्य अर्पित करने से आपकी सभी इच्छाएं पूर्ण हो सकती हैं। अर्घ्य देने के लिए जल, जौ, काला तिल, गंध, पुष्प, गंगा जल, और कुशा का प्रयोग करें। मंत्र उच्चारण इस प्रकार करें: 🔱 मंत्र: वसूनामवताराय शन्तनोरात्मजाय च। अर्घ्यं ददानि भीष्माय आजन्म ब्रह्मचारिणे।। बुधवारी अष्टमी के शुभ योग में पूजा-पाठ व सत्कर्म का फल दस लाख गुणा अधिक पुण्यदायी होगा। यह योग सुबह सूर्योदय से रात्रि 12:35 तक रहेगा। इस अवसर का पूरा लाभ उठाएं और वीडियो को शेयर करें।